Tuesday, November 18, 2014

Bhajans 4

ओ भोले मुझे राह दिखा दे  
मुझे अपनी मंजिल तक पहुंचा दे -टेक 
1.अब मुझसे और रहा नहीं जाता 
दिल का दर्द ये सहा नहीं जाता 
दिल का दर्द मिटा दे ............
2.मैं तो पड़ा हूँ बड़ी उलझन में 
जो नहीं आ रहा मेरी सुलझन में 
तू ही इसे सुलझा दे ..............
3.जिया भी मेरा डोल रहा है 
मेरे बदन को झकोल रहा है 
इसको भी थोड़ा टिका दे ...........
4.मन मूरख बुधु और अनजाना
सही दिशा को नहीं पहचाना  
आकर तू ही सही दिशा दिखलादे ...........
5.चाहत का जनून सिर है चढ़ आया 
चाह कर भी इसको रोक नहीं पाया 
इसकी चाहत से इसको मिला दे ..............
6.तेरी कृपा से मैं मंजिल पाऊँ 
एक पल भी ना तुझे भुलाऊँ 
"हरिओम" में ऐसा विवेक जगा दे ..............







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